नॉलेज, हार्डवर्क, एटीट्यूड से मिलती है सफलता: प्रो. राजेश शर्मा

Share

तीन दिवसीय कार्यशाला का हुआ शुभारंभ

जौनपुर: वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के विज्ञान संकाय अंतर्गत संचालित पाठ्यक्रमों बायोटेक्नोलॉजी , माइक्रोबायोलॉजी एनवायरमेंटल साइंस, बायोकेमेस्ट्री विभाग एवं एमआरडी लाइफ साइंसेस लखनऊ द्वारा एवं कुलपति प्रो. वंदना सिंह के प्रेरणा से तीन दिवसीय 26 से 28 सितम्बर 2024 के कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर कार्यक्रम का शुभारंभ विज्ञान संकाय में हुआ जिसके मुख्य अतिथि प्रोफेसर राजेंद्र सिंह (रज्जू भैया) संस्थान के निदेशक प्रो. प्रमोद कुमार यादव रहे। उन्होंने बताया कि बदलते हुए वैश्विक परिवेश में कौशल विकास और हैंड्स ऑन ट्रेनिंग में मॉलिक्यूलर बायोलॉजी के टूल्स तकनीक का महत्व बताते हुए प्रकाश डाला।

एमआरडी लाइफ साइंसेज के निदेशक मनोज वर्मा ने वर्कशॉप में होने वाले समस्त प्रैक्टिकल जैसे डीएनए आइसोलेशन, मॉलिक्यूलर क्लोनिंग , इलेक्ट्रोफोरेसिस जैसे महत्वपूर्ण तकनीक पर विस्तार से चर्चा की। विज्ञान संकाय के संकायाध्यक्ष प्रो. राजेश शर्मा ने बताया नॉलेज, हार्ड वर्क, स्किल एवं एटीट्यूड से सफलता मिलती है, का मंत्र दिया और इस बार पर जोर दिया कि जो ज्ञान आप कक्षाओं में प्राप्त करते हैं उसको आप इस तीन दिवसीय कार्यशाला में अधिक से अधिक लाभ प्राप्त करें।

इस कार्यक्रम में 100 विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया जिसमें विश्वविद्यालय परिसर के तथा मोहम्मद हसन कॉलेज के विद्यार्थी सम्मिलित रहे।संचालन माइक्रोबायोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ एस पी तिवारी ने किया और धन्यवाद ज्ञापन बायोकेमिस्ट्री विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ मनीष कुमार गुप्ता ने दिया।

इस अवसर पर विज्ञान संकाय के प्रो. राम नारायण , ऋषि श्रीवास्तव, डॉ. सिपाही लाल पटेल , डॉ. दिनेश कुमार, डॉ. श्वेता श्रीवास्तव. डॉ. प्रतिमा श्रीवास्तव, डॉ.ईषानी भारती आदि उपस्थित रहे।

About The Author

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *